Written By Ajay Verma
Published By: Ajay Verma | Published: Oct 26, 2023, 01:10 PM (IST)
Battlegrounds Mobile India (BGMI) भारत में सबसे ज्यादा खेले जाने वाला मोबाइल गेम में से एक है। इस गेम में पावरफुल गन से लेकर आकर्षक आउटफिट और कैरेक्टर तक मिलते हैं, जिन्हें इन-गेम करेंसी UC का इस्तेमाल करके खरीदा जा सकता है। इस करेंसी को खरीदने के लिए असली पैसे खर्च करने पड़ते हैं। हालांकि, ज्यादातर प्लेयर्स इस करेंसी को नहीं खरीद पाते हैं। इसलिए वह फ्री यूसी पाने की तरीके खोजते हैं। अगर आप भी बीजीएमआई खेलते हैं और मुफ्त में फ्री यूसी पाना चाहते हैं, तो हम आपको यहां कुछ तरीके बताने जा रहे हैं। इनकी मदद से आप मुफ्त में यूसी हासिल कर सकेंगे। और पढें: Krafton ने BGMI में लॉन्च किया क्रिकेट मिनीगेम, जानें कैसे खेलें और क्या मिलेंगे रिवॉर्ड
गेम डेवलपर Krafton रोज अपने प्लेयर्स के लिए BGMI Reedem Codes जारी करता है। इन कोड्स की मदद से आप मुफ्त में इन-गेम करेंसी यूसी को मुफ्त में हासिल कर सकते हैं। यूसी के अलावा आपको इन कोड्स को रिडीम करने पर गन स्किन, आउटफिट और कैरेक्टर जैसे आइटम मुफ्त में मिलेंगे। कोड्स को ऑफिशियल वेबसाइट पर जाकर रिडीम किया जा सकता है। और पढें: BGMI 4.3 Update: IPL 2026 के लिए CSK और KKR के साथ खास कोलैबोरेशन, इस थीम पर मिलेंगे ये नए आइटम्स
BGMI प्लेयर्स के साथ-साथ लोकप्रिय कंटेंट क्रिएटर और टूर्नामेंट ऑगनाइजर के बीच काफी पॉपुलर है। क्रिएटर्स समय-समय पर गिवअवे करते हैं, जिसके तहत आप फ्री में यूसी पा सकते हैं। इसके अलावा, इन-गेम टूर्नामेंट में पार्टिसिपेट करके और डेली मिशन को भी पूरा करके यूसी प्राप्त कर सकते हैं। और पढें: BGMI की इन बेस्ट सेटिंग और स्ट्रैटेजी से अपना गेमप्ले बनाए बेहतर
गूगल ओपिनियन रिवॉर्ड बीजीएमआई में यूसी फ्री में पाने का सुरक्षित तरीका है। इस प्रोग्राम में आयोजित किए गए सर्वे में आप अपना ओपिनियन देकर प्ले क्रेडिट पाकर उनको असली पैसों में बदल सकते हैं। इन पैसों के जरिए आप गेम में यूसी खरीद सकते हैं।
यह मनी ट्रांजेक्शन ऐप है। यह गूगल ओपिनियन रिवॉर्ड की तरह काम करता है। इसमें आप लॉग-इन करके किसी भी सर्वे से जुड़ सकते हैं और अपने ओपिनियन देकर प्ले क्रेडिट या फिर कैश प्राप्त कर सकते हैं। इन पैसों से आप यूसी खरीद सकते हैं।
आखिर में आपको बता दें कि BGMI को पिछले साल लॉन्च किया गया था। इस गेम को साल 2021 में आईटी एक्ट के नियम का उल्लघंन करने की वजह से बैन किया गया था।