Published By: Harshit Harsh | Published: Apr 11, 2023, 05:16 PM (IST)
Elon Musk की सोशल मीडिया कंपनी Twitter की मुश्किलें कम नहीं हो रही हैं। पूर्व सीईओ पराग अग्रवाल समेत तीन बड़े अधिकारियों द्वारा 1 मिलियन डॉलर की उगाही के मुकदमे के साथ-साथ जर्मनी में कंपनी पर 30 बिलियन यूरो (करीब 2.6 लाख करोड़ रुपये) का जुर्माना लगा है। माइक्रोब्लॉगिंग प्लेटफॉर्म पर यह जुर्माना ट्विटर पर मौजूद हेट स्पीच वाले ट्वीट्स को नहीं हटा पाने की वजह से लगाया गया है। जर्मनी में एलन मस्क की सोशल मीडिया कंपनी पर हेट स्पीच फैलाने के 600 मुकदमे दर्ज हैं। और पढें: Elon Musk का धांसू XChat App जल्द होने वाला है लॉन्च, सिर्फ इन Devices ही मिलेगा, जानें फीचर्स
Techcrunch की रिपोर्ट के मुताबिक, जर्मनी की अदालतों में ट्विटर के खिलाफ 600 मुकदमे दर्ज हैं। माइक्रोब्लॉगिंग प्लेटफॉर्म पर ये मुकदमे भड़काऊ भाषण फैलाने के लिए किए गए हैं। जर्मनी ने ट्विटर पर दायर इन मुकदमों की जांच शुरू कर दी है। और पढें: X का नया ऑटो ट्रांसलेशन फीचर क्या है और यूजर्स को कैसे फायदा मिलेगा?
जर्मनी के कानूनों के तहत सोशल मीडिया कंपनी अपने प्लेटफॉर्म से हेट स्पीच हटाने में नाकामयाब हुई है, जिसे लेकर जांच की जाएगी। इस तरह के हर मुकदमे में 50 मिलियन यूरो तक का जुर्माना लग सकता है। ऐसे में 600 मुकदमे का मतलब है कि कंपनी पर 30 बिलियन यूरो यानी करीब 2.6 लाख करोड़ रुपये की फाइन लगाई जा सकती है। और पढें: क्या है Elon Musk का सबसे खास और बड़ा प्रोजेक्ट Terafab? जानें सब कुछ
The New York Times की रिपोर्ट की मानें तो ज्यादार हेट स्पीच के मामले एलन मस्क के ट्विटर खरीदने के बाद सामने आए हैं। मस्क ने ट्विटर की बागडोर संभालते ही अपने जर्मनी और अमेरिकी कॉन्टेंट मॉडरेशन टीम की छंटनी कर दी, जिसकी वजह से हेट स्पीच के मामलों में बेतहाशा बढ़ोतरी हुई है।
पिछले दिनों एलन मस्क ने अपने कर्मचारियों को कहा कि कंपनी को 44 बिलियन डॉलर में खरीदा गया था, जिसकी अब कीमत 20 बिलियन डॉलर ही रह गई है। अगर, ट्विटर पर लगे सभी 600 मुकदमों का फैसला कंपनी के हक में नहीं आता है तो इस पर 30 बिलियन यूरो का फाइन लग सकता है, जो कंपनी की मौजूदा वैल्यूएशन से ज्यादा है।
रिपोर्ट के मुताबिक, जर्मनी फिलहाल एलन मस्क की सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर मौजूद सैंकड़ों हेट स्पीच वाले ट्वीट्स में से कुछ ट्वीट्स का डेटाबेस तैयार कर रहा है, जिसकी जांच शुरू की जाएगी। जांच रिपोर्ट में जिन यूजर्स द्वारा गाली-गलौज वाले कुछ ट्वीट्स पोस्ट किए गए हैं, उन्हें मस्क के टेकओवर से पहले बैन किए गए थे। मस्क के बागडोर संभालते ही वो अकाउंट्स अनबैन कर दिए गए।