comscore

Google ने पेश किया Find My Device network, आसानी से खोज सकेंगे गुम हुआ सामान

Google ने आखिरकार अपने Find My Device network के प्लान को सार्वजनिक कर दिया गया है। इसकी मदद से कार-बाइक की चाबी, घर की चाबी या फिर हेडफोन व बैग आदि को आसानी से खोज सकेंगे।

Published By: Rohit Kumar | Published: May 11, 2023, 10:18 AM (IST)

  • whatsapp
  • twitter
  • facebook

Highlights

  • Apple और Tile की तरह गूगल ला रहा है ट्रैकिंग टैग।
  • हेडफोन, ईयरबड्स, टैबलेट और अन्य प्रोडेक्ट खोजने होंगे आसान।
  • खराब से खराब नेटवर्क की स्थिति में भी अच्छा काम करेगा।
techlusive.in Written By article news

Written By

  • whatsapp
  • twitter
  • facebook

Google अपने फाइंड माय डिवाइस प्लेटफॉर्म को एडवांस और उसका विस्तार करने जा रहा है। इसके बाद यह यह किसी भी सामान या डिवाइस की लोकेशन ट्रैकिंग का काम करेगा, यह ठीक Apple और Tile की तरह काम करेगा। I/O 2023 keynote के अंदर गूगल के समीर समत ने ऐलान किया कि आने वाले कुछ महीनों में हेडफोन, ईयरबड्स, टैबलेट और अन्य प्रोडेक्ट कैटेगरी में फाइंड माय डिवाइस का इस्तेमाल किया जाएगा। हालांकि कुछ डिवाइस में पहले से सपोर्ट मौजूद है, लेकिन उसकी क्षमता सीमित है। news और पढें: Google Play Store में आ सकता है नया फीचर, पैसे देने से पहले खेल सकेंगे Paid Games

Google के इवेंट में बताया कि खराब से खराब नेटवर्क की स्थिति में भी, यूजर्स आसानी से अपने प्रोडक्ट को खोज सकेंगे। समत ने बताया है कि इस नेटवर्क को पावर दुनियाभर में मौजूद लाखों एंड्रॉयड डिवाइस से मिलती है। ट्रैकिंग टैग बनाने वाली Tile और Chipolo समेत कई थर्ड पार्टी फर्म इसको अपडेट करने का काम करेंगी। news और पढें: CES 2026: Google TV के लिए Gemini को मिला बड़ा AI अपग्रेड, मिलेंगे ये फीचर्स

प्राइवेसी का रखा है ध्यान

एकदम शुरुआत से शुरू करते हैं, उन्होंने इस नेटवर्क का डिजाइन प्राइवेसी के मद्देनजर तैयार किया है। गूगल के वाइस प्रेसिडेंट ने बताया कि ध्यान रखने वाली बात यह है कि डिवाइस की लोकेशन का डाटा इनक्रिप्टेड फॉर्म में रहता है, जो कंपनी द्वारा देखा नहीं जा सकता है। news और पढें: WhatsApp मैसेज गलती से डिलीट हो गया? ऐसे करें तुरंत रिकवर

कंपनियां भी सतर्क

दरअसल, किसी भी ट्रैकिंग फीचर का फायदा उठाकर कई थर्ड पार्टी ऐप्स उनका इस्तेमाल अपने फायदे के लिए करते हैं। यह कई बार यह यूजर्स की लिए खतरनाक साबित होते हैं, जिससे बचने के लिए अब कई कंपनियां नए और सख्त कदम उठा रही हैं।

गूगल में पहले से है फाइंड माय डिवाइस

बताते चलें कि गूगल का फाइंड माय डिवाइस प्रोग्राम पहले से मौजूद है, जिसमें स्मार्टफोन को आसानी से खोजा जा सकता है। हालांकि इसमें डिवाइस सिर्फ इंटरनेट कनेक्टिविटी आने पर ही काम करता है। ऐसे में यूजर्स को इससे काफी नुकसान का भी सामना करना पड़ जाता है।