Written By Ashutosh Ojha
Published By: Ashutosh Ojha | Published: Mar 20, 2026, 11:56 AM (IST)
Google Android sideloading rules
Google ने अपने Android फोन के लिए कुछ नए नियम बनाए हैं, ताकि यूजर्स को सुरक्षित रखा जा सके। इसका मुख्य मकसद है कि मोबाइल में वायरस (मैलवेयर) या धोखाधड़ी वाले ऐप्स न आएं। अब अगर कोई डेवलपर Android पर Play Store के बाहर (यानी साइडलोडिंग के जरिए) ऐप देना चाहता है, तो उसे पहले अपनी पहचान Verified करनी होगी। इसके लिए उसे अपनी जानकारी, ऐप की साइनिंग की और करीब $25 (लगभग ₹2,322) फीस जमा करनी होगी। इन नए नियमों के बाद सिर्फ वही ऐप्स फोन में इंस्टॉल हो पाएंगे जो Verified डेवलपर्स के होंगे, अगर कोई ऐप अनजान या बिना Verification वाले डेवलपर का होगा, तो वह अपने आप ब्लॉक हो जाएगा। सीधे शब्दों में समझें तो अब Android फोन में बाहर से ऐप इंस्टॉल करना पहले जितना आसान नहीं रहेगा, लेकिन इससे आपकी सुरक्षा जरूर बढ़ेगी।
Google ने ऐसे यूजर्स के लिए एक खास ‘Advanced Flow’ ऑप्शन दिया है, जो ज्यादा टेक्निकल जानकारी रखते हैं। इस ऑप्शन में यूजर अब भी अनजान (Unverified) ऐप इंस्टॉल कर सकते हैं, लेकिन पहले की तरह आसान नहीं होगा, पुराने ‘Unknown Sources’ तरीके के मुकाबले अब ज्यादा स्टेप्स करने पड़ेंगे। सबसे पहले यूजर को अपने फोन में Developer Mode ऑन करना होगा। इसके बाद स्क्रीन पर एक चेतावनी (Warning) आएगी, जैसे ‘क्या कोई आपसे यह करने के लिए कह रहा है?’ ताकि यूजर सतर्क हो जाए फिर यूजर को अपना फोन रीस्टार्ट करना होगा और इसके बाद 24 घंटे तक इंतजार करना पड़ेगा।
एंड्रॉइड इकोसिस्टम के अध्यक्ष Sameer Samat के अनुसार, Android के दुनियाभर में 3 अरब से ज्यादा डिवाइस हैं, इसलिए इसकी सुरक्षा बनाए रखना बहुत जरूरी है। Google का कहना है कि नए नियम आने के बाद भी Android पहले की तरह ओपन रहेगा, यानी यूजर्स अभी भी Play Store के बाहर से ऐप (साइडलोड) इंस्टॉल कर सकेंगे। ये नए नियम Android 16.1 में पहले से मौजूद सिक्योरिटी सिस्टम (Verification Framework) का ही इस्तेमाल करेंगे, जिससे ऐप्स ज्यादा सुरक्षित तरीके से चेक किए जा सकें और अच्छी बात यह है कि ‘Advanced Flow’ वाला ऑप्शन यूजर्स को नियम पूरी तरह लागू होने से पहले ही मिलना शुरू हो जाएगा, ताकि वे पहले से इसे समझ और इस्तेमाल कर सकें।
Google सितंबर 2026 से इन नए साइडलोडिंग नियमों को लागू करना शुरू करेगा। शुरुआत में ये नियम Brazil, Singapore, Indonesia और Thailand में लागू होंगे क्योंकि इन जगहों पर फर्जी ऐप और वायरस के मामले ज्यादा देखे जाते हैं। इसके बाद कंपनी धीरे-धीरे इन नियमों को पूरी दुनिया में लागू करेगी।