Written By Ashutosh Ojha
Written By Ashutosh Ojha
Edited by Ashutosh Ojha |Published: Jun 30, 2026, 11:05 AM (IST)
Screen Protector
आज के समय में लगभग हर स्मार्टफोन यूजर अपने फोन की स्क्रीन को सुरक्षित रखने के लिए स्क्रीन प्रोटेक्टर लगवाता है, हालांकि अब स्मार्टफोन की डिस्प्ले पहले से ज्यादा बेहतर हो गई हैं, लेकिन फिर भी अतिरिक्त सुरक्षा के लिए स्क्रीन प्रोटेक्टर का इस्तेमाल किया जाता है। अगर आप भी नया स्क्रीन प्रोटेक्टर खरीदने की सोच रहे हैं, तो सिर्फ टेम्पर्ड ग्लास देखकर फैसला न करें। खरीदने से पहले यह जरूर जांच लें कि उसमें Oleophobic Coating है या नहीं। यह एक खास कोटिंग होती है, जो स्क्रीन पर उंगलियों से आने वाले तेल, पसीने और गंदगी को आसानी से चिपकने नहीं देती। इसकी वजह से स्क्रीन ज्यादा समय तक साफ दिखती है और बार-बार कपड़े से साफ करने की जरूरत भी कम पड़ती है। इसलिए स्क्रीन प्रोटेक्टर चुनते समय इस फीचर पर जरूर ध्यान दें।
Oleophobic का मतलब होता है ऑयल रेजिस्टेंट, यानी तेल और चिकनाई को दूर रखने वाली कोटिंग। हमारे हाथों की उंगलियों में मौजूद प्राकृतिक तेल और पसीना फोन की स्क्रीन पर आसानी से निशान छोड़ देते हैं। अगर स्क्रीन प्रोटेक्टर पर Oleophobic Coating होती है, तो ये तेल उसकी सतह पर टिकने के बजाय फिसल जाता है। इससे स्क्रीन पर फिंगरप्रिंट, धब्बे और स्मज काफी कम दिखाई देते हैं। यही वजह है कि डिस्प्ले साफ और चमकदार बनी रहती है। यह कोटिंग न सिर्फ स्क्रीन को बेहतर बनाए रखती है, बल्कि रोजमर्रा के इस्तेमाल को भी ज्यादा आरामदायक बना देती है, हालांकि समय के साथ यह कोटिंग धीरे-धीरे घिस सकती है, इसलिए लंबे समय बाद स्क्रीन प्रोटेक्टर बदलना भी जरूरी हो सकता है।
अगर स्क्रीन प्रोटेक्टर में Oleophobic Coating मौजूद है, तो फोन इस्तेमाल करने का अनुभव काफी बेहतर हो जाता है। स्क्रीन पर उंगलियां आसानी से फिसलती हैं, जिससे स्क्रॉल करना, गेम खेलना, टाइपिंग करना और ऐप्स चलाना ज्यादा स्मूद महसूस होता है। स्क्रीन पर धब्बे और फिंगरप्रिंट कम होने से वीडियो देखने, फोटो देखने और बाहर धूप में फोन इस्तेमाल करने के दौरान डिस्प्ले ज्यादा साफ दिखाई देती है। इसके अलावा स्क्रीन को बार-बार साफ करने की जरूरत नहीं पड़ती, जिससे सफाई में समय भी बचता है। यही कारण है कि आज कई अच्छी क्वालिटी के टेम्पर्ड ग्लास और प्रीमियम स्क्रीन प्रोटेक्टर इस खास कोटिंग के साथ आते हैं।
अगर आप नया स्क्रीन प्रोटेक्टर खरीद रहे हैं, तो सिर्फ कीमत या मोटाई देखकर फैसला न करें। पैकेजिंग पर यह जरूर देखें कि उसमें Oleophobic Coating का जिक्र किया गया है या नहीं। साथ ही अच्छी क्वालिटी का टेम्पर्ड ग्लास चुनें, जो आपके फोन के मॉडल के अनुसार सही फिट हो। अगर आपके मौजूदा स्क्रीन प्रोटेक्टर पर बहुत ज्यादा खरोंच आ गई हैं, स्क्रीन पर लगातार फिंगरप्रिंट दिखाई देते हैं या उंगली पहले जैसी आसानी से नहीं चलती, तो यह संकेत हो सकता है कि उसकी Oleophobic Coating खत्म हो चुकी है। ऐसे में नया स्क्रीन प्रोटेक्टर लगाना बेहतर रहेगा। सही फीचर वाला स्क्रीन प्रोटेक्टर न सिर्फ डिस्प्ले की सुरक्षा बढ़ाता है, बल्कि लंबे समय तक फोन इस्तेमाल करने का अनुभव भी बेहतर बनाए रखता है।