comscore

गर्मियों में कूलर लगाने से पहले ये काम जरूर करें, वरना नहीं मिलेगी ठंडी हवा!

गर्मी शुरू होते ही कूलर का इस्तेमाल बढ़ जाता है, लेकिन सही कूलिंग पाने के लिए इसे चालू करने से पहले कुछ जरूरी चीजें चेक करना जरूरी है। अगर आप छोटी-छोटी बातों का ध्यान रखें, तो कूलर बेहतर ठंडी हवा देगा और बिजली की खपत भी कम होगी। आइए जानते हैं...

Edited By: Ashutosh Ojha | Published By: Ashutosh Ojha | Published: Mar 24, 2026, 12:32 PM (IST)

  • whatsapp
  • twitter
  • facebook
  • whatsapp
  • twitter
  • facebook

गर्मियों की शुरुआत हो चुकी है और तापमान धीरे-धीरे बढ़ता जा रहा है। ऐसे में लोग अपने घरों में कूलर निकालकर इस्तेमाल करने की तैयारी कर रहे हैं, लेकिन अगर आप चाहते हैं कि आपका कूलर AC जैसी ठंडी हवा दे और साथ ही बिजली का बिल भी कम आए, तो सिर्फ उसमें पानी भरना ही काफी नहीं है। कूलर भी एक इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस है, जिसे सही तरीके से मेंटेन करना बेहद जरूरी होता है। अगर आप बिना जांच के इसे चालू कर देते हैं, तो कूलिंग बेकार हो सकती है और बिजली की खपत भी बढ़ सकती है।

कूलर की वायरिंग और कनेक्शन पूरी तरह चेक करें

सबसे पहले कूलर की वायरिंग, प्लग और स्विच बोर्ड को ध्यान से चेक करना चाहिए। लंबे समय तक बंद रहने के कारण तार ढीले या खराब हो सकते हैं, जिससे शॉर्ट सर्किट का खतरा बढ़ जाता है। अगर कहीं स्पार्किंग, कटे तार या ढीला कनेक्शन नजर आए तो तुरंत उसे ठीक करवा लेना चाहिए। इससे न सिर्फ कूलर बेहतर रहेगा बल्कि किसी बड़े हादसे से भी बचाव होगा।

फैन, मोटर और वॉटर पंप को चेक करें

इसके अलावा कूलर का फैन और मोटर उसकी सबसे अहम हिस्से होते हैं। जब आप सीजन में पहली बार कूलर चालू करें, तो ध्यान दें कि फैन स्मूद चल रहा है या नहीं। अगर फैन से आवाज आ रही है या उसकी स्पीड कम है, तो यह मोटर में खराबी का संकेत हो सकता है। इसी तरह वॉटर पंप की भी जांच जरूरी है, क्योंकि यही पानी को कूलिंग पैड्स तक पहुंचाता है। अगर पानी ऊपर तक नहीं जा रहा है, तो पंप खराब हो सकता है। ऐसे में समय रहते पंप को बदल देना ही बेहतर होता है।

Add Techlusive as a Preferred SourceAddTechlusiveasaPreferredSource

कूलिंग को सही जगह रखें

अच्छी कूलिंग के लिए सिर्फ मशीन का सही होना ही काफी नहीं, बल्कि सही जगह पर रखना भी जरूरी है। कूलर को हमेशा खिड़की के पास रखें ताकि ताजी हवा अंदर आ सके। साथ ही कमरे में क्रॉस वेंटिलेशन या एग्जॉस्ट का इंतजाम करें, जिससे गर्म हवा बाहर निकल सके। इससे कूलिंग ज्यादा बेहतर होती है। इसके अलावा वोल्टेज पर भी ध्यान दें। लो वोल्टेज या बार-बार फ्लक्चुएशन होने से मोटर और पंप पर असर पड़ सकता है। ऐसे में स्टेबलाइजर का इस्तेमाल करना एक अच्छा ऑप्शन हो सकता है, जिससे कूलर की लाइफ और परफॉर्मेंस दोनों बेहतर बनी रहती हैं।