Written By Ajay Verma
Published By: Ajay Verma | Published: Jan 20, 2026, 11:37 AM (IST)
Pakistan ने तकनीक के क्षेत्र में कदम जमाने के लिए खास AI Model पेश किया है, जो उर्दू भाषा पर आधारित है। इसका नाम Qalb AI है। इसे अमेरिका में पढ़ाई कर रहे पाकिस्तानी छात्र तैमूर हसन (Taimoor Hassan) ने अपनी टीम के साथ मिलकर तैयार किया है। इसे पॉपुलर चैटबॉट ChatGPT की टक्कर में लाया गया है। इसे अब तक का सबसे बड़ा उर्दू एआई मॉडल बताया जा रहा है। और पढें: IND vs PAK Live: वर्ल्ड कप के लिए आज भारत-पाकिस्तान फिर आमने-सामने, SonyLIV नहीं यहां देखें मैच LIVE
मीडिया रिपोर्ट्स की मानें, तो Qalb AI को खासतौर पर हर सवाल का जवाब देने, टेक्स्ट जनरेट करने, क्लासिफिकेशन और एनालिसिस करने के लिए बनाया गया है। इस मॉडल को 1.97 अरब टोकन्स पर ट्रेन किया गया है। इसमें उर्दू भाषा के लेख, सरकारी दस्तावेज व ऑनलाइन टेक्स्ट शामिल हैं। इसको 7 से अधिक इंटरनेशनल स्टैंडर्ड पर टेस्ट किया गया हैं, जहां इसने अन्य मॉडल के मुकाबले बेहतर परफॉर्म किया है। और पढें: India Vs Pakistan Asia Cup 2025: फ्री में देखना चाहते हैं Ind-Pak Match, अभी रिचार्ज करें ये खास प्लान
तैमूर का कहना है कि क्लब एआई चैटबॉट को 90.34 अंक मिले हैं। इसे उर्दू के बेस्ट मॉडल्स में एक बताया गया है। इसके जरिए उर्दू भाषा की व्याकरण को आसानी से समझा जा सकता है। यह नस्तालीक स्क्रिप्ट को भी सरल बना देता है, जिससे उस स्क्रिप्ट को आसानी से पढ़ा जा सकता है। और पढें: India Pakistan War: ब्लैकआउट होने पर काम आएंगे ये गैजेट्स, घर में जरूर रखें
इस मॉडल का मकसद उर्दू भाषियों के लिए तकनीक को सरल बनाना है। इसका उपयोग बिजनेस से लेकर स्टार्टअप तक में किया जा सकता है। इसके साथ शिक्षा से जुड़े प्लेटफॉर्म भी इस मॉडल का उपयोग कर सकते हैं।
Qalb AI को तैमूर हसन ने जवाद अहमद और मुहम्मद अवैस के साथ मिलकर बनाया है। वह पाकिस्तानी नागरिक हैं। उन्होंने अमेरिका की FAST यूनिवर्सिटी से कंप्यूटर साइंस की पढ़ाई की है। अब ऑबर्न यूनिवर्सिटी में मास्टर्स कर रहे हैं। इस चैटबॉट से पहले तैमूर ने 13 स्टार्टअप को ओपन किया और बाद में बेच दिए।
विशेषज्ञों का मानना है कि चैटजीपीटी पाकिस्तान के Qalb AI से बहुत आगे है। इसे जीपीटी का विकल्प अभी नहीं कहा जा सकता है। चैटजीपीटी ग्लोबल एआई मॉडल है, जिसमें अलग-अलग भाषाओं का सपोर्ट दिया गया है। इनमें से एक उर्दू है। वहीं, Qalb AI एक ही भाषा को सपोर्ट करता है। उम्मीद है कि आने वाले दिनों में इस चैटबॉट को अपग्रेड किया जाएगा, जिससे जीपीटी व जेमिनी जैसे मॉडल को जोरदार चुनौती मिलेगी।