Written By Ajay Verma
Published By: Ajay Verma | Published: Aug 08, 2024, 10:26 AM (IST)
Image: Pixabay
YouTube अपने प्लेटफॉर्म को बेहतर और सुविधाजनक बनाने के लिए नए-नए फीचर्स की टेस्टिंग कर रहा है। इस कड़ी में अब कंपनी प्लेटफॉर्म में गूगल जेमिनी (Google Gemini) फीचर को जोड़ने की योजना बना रही है, जिससे क्रिएटर्स को वीडियो के टॉपिक से लेकर थम्बनेल तक के लिए सजेशन मिलेंगे। यह जानकारी यूट्यूब ने क्रिएटर इंसाइडर चैनल में वीडियो पोस्ट कर साझा की है। और पढें: Google I/O 2026: अब Gmail Inbox खुद देंगे आपके सवालों के जवाब, आया नया AI फीचर
टेक क्रंच की एक रिपोर्ट के मुताबिक, YouTube ने ब्रेनस्ट्रॉम विद गूगल जेमिनी टूल की टेस्टिंग शुरू कर दी है। यह फीचर चुनिंदा क्रिएटर्स के लिए अवेलेबल है। क्रिएटर्स के फीडबैक के आधार पर अपकमिंग फीचर की लॉन्चिंग तय की जाएगी। फिलहाल, कंपनी की ओर से इस फीचर की लॉन्चिंग को लेकर कोई जानकारी नहीं दी गई है। और पढें: Google I/O 2026: क्या है GooglF का नया AI Agent Gemini Spark और कैसे करेगा काम? इवेंट के दौरान कंपनी ने किया पेश
रिपोर्ट में आगे बताया गया कि गूगल जेमिनी एआई फीचर वीडियो टॉपिक जनरेट करने के साथ आउटलाइन तैयार करता है, जिससे क्रिएटर्स को वीडियो बनाने में बहुत आसानी होगी। इसके लिए उन्हें यूट्यूब स्टूडियो (YouTube Studio) में जाना होगा। यहां इंस्पिरेशनल और Brainstorm जेमिनी फीचर का इस्तेमाल करके वीडियो क्रिएट कर सकेंगे। और पढें: WWDC 2026 इवेंट इस तारीक से होगा शुरू, क्या इस बार Apple पेश करेगा AI वाला Siri?
नए टूल के आने से क्रिएटर्स को प्लेटफॉर्म में ही वीडियो आइडिया मिल जाएंगे। इसके लिए उन्हें अन्य AI प्लेटफॉर्म जैसे चैट जीपीटी आदि का इस्तेमाल नहीं करना पड़ेगा। इससे यूजर्स का एक्सपीरियंस बेहतर होगा और यह फीचर उनके बहुत काम आएगा।
बता दें कि वीडियो स्ट्रीमिंग जाइंट यूट्यूब ने इस साल जून में यूजर्स की प्राइवेसी को सुरक्षित रखने के लिए नए फीचर को जोड़ा था। इसके आने से बाद अब यूजर्स आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी एआई (AI) जेनरेटेड कंटेंट को रिपोर्ट कर सकते हैं। इससे फेक वीडियो को वायरल होने से रोका जा सकेगा।
कंपनी का कहना है कि प्राइवेसी रिक्वेस्ट प्रोसेस को खासतौर पर यूजर्स के लिए लाया गया है। इसके जरिए यूजर्स उनकी आवाज और चेहरे वाले फर्जी वीडियो को हटाने के लिए अनुरोध कर सकते हैं। इससे प्लेटफॉर्म बेहतर और सिक्योर हो जाएगा। साथ ही, यूजर्स को अतिरिक्त सुरक्षा लेयर मिलेगी।