सरकार ने Android यूजर्स के लिए जारी की चेतावनी, ये खतरनाक वायरस मिनटों में खाली कर सकता है आपका बैंक अकाउंट, जानें कैसे बचें
भारत में CERT-In ने Android यूजर्स को एक खतरनाक वायरस से सावधान रहने की चेतावनी दी है। यह मैलवेयर नकली ऐप बनकर फोन में घुसता है और OTP, पासवर्ड जैसी जरूरी जानकारी चुरा सकता है, जिससे आपका बैंक अकाउंट मिनटों में खाली हो सकता है। आइए जानते हैं...
Published By: Ashutosh Ojha | Published: Apr 23, 2026, 04:24 PM (IST) | Edited: Apr 23, 2026, 04:27 PM (IST)
भारत में Android यूजर्स के लिए एक नई साइबर चेतावनी आई है। सरकार की साइबर सुरक्षा एजेंसी CERT-In ने एक खतरनाक वायरस (मैलवेयर) को लेकर अलर्ट जारी किया है, जो आम ऐप बनकर लोगों के फोन में घुस रहा है। यह मैलवेयर चुपचाप आपके फोन का कंट्रोल ले सकता है और आपकी निजी जानकारी चुरा सकता है। आज के समय में जब लोग Android फोन का इस्तेमाल बैंकिंग, UPI और डिजिटल पेमेंट के लिए कर रहे हैं, ऐसे में यह खतरा और भी बड़ा हो जाता है। इसलिए हर यूजर के लिए सतर्क रहना बेहद जरूरी है।
यह नया वायरस कैसे काम करता है और क्या-क्या चुराता है?
यह नया वायरस खुद को एक असली और काम के ऐप की तरह दिखाता है, जैसे बैंकिंग ऐप, कस्टमर केयर ऐप या कोई जरूरी सर्विस। यूजर को लगता है कि यह ऐप मददगार है, लेकिन जैसे ही इसे फोन में इंस्टॉल किया जाता है, यह अपना असली काम शुरू कर देता है। यह मैलवेयर आपके फोन से OTP, पासवर्ड, डेबिट-क्रेडिट कार्ड की जानकारी, पर्सनल मैसेज, कॉल लॉग्स और बाकी जरूरी डेटा चुरा सकता है। इसके जरिए साइबर अपराधी आपके बैंक अकाउंट तक पहुंच सकते हैं और आपका पैसा निकाल सकते हैं या आपकी पहचान का गलत इस्तेमाल कर सकते हैं।
यह मैलवेयर फोन में कैसे घुसता है?
यह मैलवेयर आमतौर पर APK फाइल के जरिए फोन में आता है। कई बार यूजर्स को WhatsApp, SMS, Telegram या किसी अनजान लिंक के जरिए APK डाउनलोड करने के लिए कहा जाता है। यह ऐप्स Google Play Store पर उपलब्ध नहीं होते, बल्कि मैन्युअली इंस्टॉल किए जाते हैं। इंस्टॉल करते समय ये ऐप 'Accessibility Permission' मांगते हैं, जिसे अगर आप अनुमति दे देते हैं, तो यह आपके फोन की स्क्रीन देख सकता है, मैसेज पढ़ सकता है और फोन को रिमोटली कंट्रोल भी कर सकता है। यही वजह है कि यह वायरस बेहद खतरनाक माना जा रहा है।
इस खतरनाक वायरस से खुद को कैसे बचाएं?
इस वायरस से बचने के लिए कुछ जरूरी सावधानियां अपनाना बेहद जरूरी है...
- हमेशा ऐप्स को केवल Google Play Store या आधिकारिक वेबसाइट से ही डाउनलोड करें।
- किसी भी अनजान लिंक या मैसेज में आए APK फाइल को बिल्कुल भी इंस्टॉल न करें।
- ऐप इंस्टॉल करते समय उसकी परमिशन को ध्यान से देखें और बिना जरूरत के Accessibility एक्सेस न दें।
- अगर आपके फोन में कोई अनजान ऐप दिखे तो तुरंत उसे हटा दें।
- फोन को हमेशा लेटेस्ट सिक्योरिटी अपडेट के साथ अपडेट रखें।
- किसी भी फर्जी कॉल या बैंक कर्मचारी के नाम पर जानकारी मांगने वालों से सतर्क रहें। थोड़ी सी सावधानी आपको बड़े नुकसान से बचा सकती है।
FAQ
यह नया Android वायरस क्या है?
यह एक खतरनाक मैलवेयर है जो नकली ऐप बनकर आपके फोन में घुसता है और आपकी निजी जानकारी जैसे OTP, पासवर्ड चुरा लेता है।
यह वायरस फोन में कैसे आता है?
यह आमतौर पर APK फाइल के जरिए आता है, जिसे WhatsApp, SMS या किसी अनजान लिंक से डाउनलोड करवाया जाता है।
यह वायरस कौन-कौन सी जानकारी चुरा सकता है?
यह OTP, बैंक डिटेल्स, पासवर्ड, मैसेज, कॉल लॉग्स और यहां तक कि आपके फोन का कंट्रोल भी ले सकता है।
क्या Google Play Store से डाउनलोड किए गए ऐप सुरक्षित होते हैं?
जी हां, क्योंकि Google Play Store पर ऐप्स की जांच होती है, लेकिन फिर भी ऐप डाउनलोड करते समय सावधानी जरूरी है।
इस वायरस से बचने का सबसे आसान तरीका क्या है?
कभी भी अनजान लिंक से ऐप डाउनलोड न करें, केवल भरोसेमंद सोर्स (जैसे Google Play Store) का इस्तेमाल करें और ऐप परमिशन ध्यान से दें।
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