Written By Ashutosh Ojha
Published By: Ashutosh Ojha | Published: Mar 17, 2026, 12:43 PM (IST)
भारत में LPG की सप्लाई को लेकर बढ़ती चिंता के बीच सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। Ministry of Petroleum and Natural Gas (MoPNG) ने सभी घरेलू LPG यूजर्स के लिए बायोमेट्रिक आधार ऑथेंटिकेशन (e-KYC) अनिवार्य कर दिया है। मंत्रालय ने रविवार को यह जानकारी दी और कहा कि अब हर यूजर्स को अपनी पहचान Verified करनी होगी, ताकि गैस डिस्ट्रीब्यूशन सिस्टम को बेहतर बनाया जा सके। यूजर्स इस प्रक्रिया को अपने घर बैठे ही ऑयल मार्केटिंग कंपनियों के मोबाइल ऐप और Aadhaar FaceRD ऐप के जरिए पूरा कर सकते हैं। इसके अलावा अधिक जानकारी के लिए लोग आधिकारिक वेबसाइट पर जा सकते हैं या अपने Gas Distributor से संपर्क कर सकते हैं।
सरकार का यह कदम ऐसे समय में आया है जब देश में LPG की सप्लाई पर दबाव बढ़ता जा रहा है। इसकी मुख्य वजह पश्चिम एशिया में चल रहा तनाव है, जिसके कारण भारत में गैस की आपूर्ति प्रभावित हो रही है। खासतौर पर Strait of Hormuz, जहां से भारत अपनी लगभग 90% LPG आयात करता है, वहां हालात बिगड़ने से सप्लाई चेन पर असर पड़ा है। इस स्थिति ने देशभर में गैस की उपलब्धता को लेकर चिंता बढ़ा दी है और कई जगहों पर लोगों ने घबराहट में सिलेंडर की खरीदारी भी बढ़ा दी है।
All domestic #LPG consumers are required to complete Biometric Aadhaar Authentication (e-KYC).
Now verify from the comfort of your home using your Oil Marketing Company’s mobile app and Aadhaar FaceRD app. For more information,
Visit: https://t.co/OOj0dPcuiE
Contact your LPG… pic.twitter.com/GWvIhsjD0m— Ministry of Petroleum and Natural Gas #MoPNG (@PetroleumMin) March 15, 2026
इस संकट का सबसे ज्यादा असर होटल और फूड बिजनेस पर देखने को मिल रहा है। रेस्टोरेंट, ढाबे और स्ट्रीट फूड विक्रेता मुख्य रूप से 19 किलो वाले कमर्शियल LPG सिलेंडर पर निर्भर रहते हैं, जिससे वे बड़े पैमाने पर खाना बनाते हैं, लेकिन सप्लाई में दिक्कत आने के कारण कई छोटे व्यवसायों को अपना काम अस्थायी रूप से बंद करना पड़ा है। वहीं बड़े रेस्टोरेंट चेन भी पूरी क्षमता से काम नहीं कर पा रहे हैं और उन्हें सीमित संसाधनों के साथ काम चलाना पड़ रहा है। इससे न सिर्फ कारोबार प्रभावित हो रहा है बल्कि ग्राहकों को भी सेवाओं में देरी और कमी का सामना करना पड़ रहा है।
सरकार का मानना है कि e-KYC को अनिवार्य करने से गैस डिस्ट्रीब्यूशन में फर्जीवाड़ा और डुप्लीकेट कनेक्शन पर रोक लगेगी, जिससे असली जरूरतमंदों तक LPG की सप्लाई सही तरीके से पहुंच सकेगी। यह कदम लंबी अवधि में सिस्टम को मजबूत बनाने में मदद करेगा, हालांकि मौजूदा संकट को देखते हुए यूजर्स और व्यापारियों दोनों के लिए यह समय चुनौतीपूर्ण बना हुआ है। आने वाले दिनों में हालात कैसे बदलते हैं, यह काफी हद तक अंतरराष्ट्रीय स्थिति और सप्लाई चेन के सामान्य होने पर निर्भर करेगा।