OpenAI लॉन्च करेगा टीनएजर्स के लिए स्पेशल ChatGPT, इसमें ऐसा क्या-क्या होगा खास

क्या OpenAI अब टीनएजर्स के लिए खास ChatGPT ला रहा है? इसमें नया Teen Mode होगा, जो बच्चों की सुरक्षा और प्राइवेसी को ध्यान में रखेगा। क्या इसमें उनके माता-पिता के लिए कंट्रोल फीचर्स और कंटेंट फिल्टर भी होंगे? आइए जानते हैं इसके खास फीचर्स।

Published By: Ashutosh Ojha | Published: Sep 17, 2025, 03:41 PM (IST)

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OpenAI ने हाल ही में घोषणा की है कि वह इस साल के अंत तक टीनएजर्स के लिए एक अलग और सुरक्षित ChatGPT पेश करेगा। यह कदम खासतौर पर युवाओं की मानसिक स्वास्थ्य सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है। कंपनी ने बताया कि ChatGPT अब उम्र का अनुमान लगाने वाली टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करेगा ताकि 18 साल से कम उम्र के यूजर्स स्टैंडर्ड वर्जन में न जाएं, अगर सिस्टम उम्र सही से पहचानने में सक्षम नहीं होता है, तो यह अपने आप टीनएजर्स के लिए बनाए गए सुरक्षित मोड में बदल जाएगा। OpenAI के CEO सैम ऑल्टमैन ने अपने ब्लॉग पोस्ट में लिखा कि टीनएजर्स की सुरक्षा सबसे महत्वपूर्ण है और उनकी प्राइवेसी भी बचाई जाएगी, लेकिन सुरक्षा हमेशा पहले आएगी। और पढें: OpenAI GPT-5.5: ये मॉडल क्यों खास है, बकी AI Tools से कैसे बेहतर है और क्या है कीमत, जानें सब कुछ

Teen Mode में कौन-कौन से नए सुरक्षा फीचर्स होंगे?

टीनएजर्स के लिए ChatGPT में कई नए सुरक्षा फीचर्स होंगे, इसमें ऐसे कंटेंट फिल्टर होंगे जो फ्लर्टिंग वाली बातें या आत्महत्या जैसे नकारात्मक और गंभीर विषयों को ब्लॉक कर देंगे। अगर किसी टीनएजर्स ने आत्महत्या के बारे में सोचा या बताया, तो OpenAI का क्राइसिस रिस्पॉन्स सिस्टम माता-पिता को सूचित कर सकता है और जरूरत पड़ने पर अधिकारियों से भी संपर्क कर सकता है। यह कदम खासतौर पर उस मामले के बाद लिया गया है, जिसमें एक अमेरिकी परिवार ने अपने बेटे की आत्महत्या के लिए ChatGPT की सुरक्षा की कमी को दोषी ठहराया था।” और पढें: ChatGPT से ऐसे ढूंढें सबसे सस्ती फ्लाइट, AI से ट्रैवल प्लानिंग हुई सुपर आसान

माता-पिता के लिए नए नियंत्रण फीचर्स क्या होंगे?

नए Teen Mode में माता-पिता के लिए कई नियंत्रण ऑप्शन भी शामिल होंगे। माता-पिता अपने बच्चों के खातों को लिंक कर सकते हैं (खासकर 13 साल से कम उम्र के यूजर्स के लिए), ऐप के इस्तेमाल के लिए “ब्लैकआउट ऑवर्स” सेट कर सकते हैं और ChatGPT के मेमोरी और चैट हिस्ट्री जैसे फीचर्स को नियंत्रित कर सकते हैं। इसके अलावा लंबे समय तक चैट करने पर ऐप अपने आप रिमाइंडर देगा ताकि बच्चे नियमित ब्रेक लें। OpenAI ने बताया कि ये नियंत्रण सभी यूजर्स के लिए उपलब्ध फीचर्स में जुड़ेंगे और टीनएजर्स की सुरक्षा को बढ़ाएंगे।

प्राइवेसी और सुरक्षा

सैम ऑल्टमैन ने कहा कि कंपनी का लक्ष्य स्वतंत्रता, प्राइवेसी और सुरक्षा का संतुलन बनाना है। बड़े लोगों के लिए कम नियम होंगे, लेकिन बच्चों के लिए ज्यादा सुरक्षा जरूरी है, भले इसके लिए पहचान और प्राइवेसी में थोड़ा असर पड़े। OpenAI भविष्य में और बेहतर सुरक्षा फीचर्स लाएगा ताकि सभी यूजर्स का डेटा सुरक्षित रहे, यहां तक कि OpenAI के कर्मचारियों से भी, सिवाय तब जब बहुत गंभीर दुरुपयोग या जोखिम हो। सैम ऑल्टमैन ने कहा कि जैसे डॉक्टर या वकील के साथ शेयर जानकारी को सुरक्षित रखा जाता है, वैसे ही AI प्लेटफॉर्म पर टीनएजर्स की सुरक्षा सबसे ऊपर होगी।

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