Google Meet में जुड़ा बड़े काम का फीचर, रिकॉर्डेड मीटिंग में मिलेंगे कैप्शन्स

गूगल ने Google Meet को अपडेट किया है। इस अपडेशन के बाद अब यूजर रिकॉर्डेड मीटिंग में कैप्शन देख सकेंगे। हालांकि, इस फीचर को चुनिंदा यूजर्स के लिए रोलआउट किया गया है।

Published By: ajay verma | Published: Feb 10, 2023, 04:30 PM (IST)

हाइलाइट

  • Google Meet में कैप्शन फीचर जुड़ा है।
  • यूजर अब रिकॉर्डेड मीटिंग में कैप्शन फीचर देख सकेंगे।
  • कैप्शन फीचर के आने से लैंग्वेज बैरियर की समस्या खत्म हो जाएगी।

दिग्गज टेक कंपनी Google ने पिछले महीने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग ऐप Google Meet में लाइव ट्रांसलेटेड कैप्शन फीचर जोड़ा था, जिससे यूजर्स को ऑनलाइन मीटिंग करने में बहुत आसानी हुई। अब कंपनी ने अपने प्लेटफॉर्म को बेहतर बनाने के मीटिंग रिकॉर्डिंग में कैप्शन फीचर जोड़ा है। इसके आने से कम सुनने वाले यूजर्स को बहुत फायदा होगा और लैंग्वेज बैरियर की समस्या भी खत्म हो जाएगी। और पढें: Google Workspace में आए ये कमाल के AI फीचर्स, भर-भर के मिलेंगे यूजर्स को फायदे

रिकॉर्डेड मीटिंग में मिलेंगे कैप्शन

गूगल के मुताबिक, कैप्शन फीचर उन यूजर्स के लिए बहुत उपयोगी होगा, जिन्हें कम सुनाई देता है। ऐसे यूजर आमतौर पर फिल्म और वीडियो देखने के लिए सब-टाइटल पर निर्भर होते हैं। यही कारण है कि कंपनी ने रियल-टाइम ऑटो जनरेट कैप्शन फीचर को प्लेटफॉर्म पर जोड़ा है। इसके आने से अब यूजर रिकॉर्डेड मीटिंग में कैप्शन देख पाएंगे। और पढें: Google Meet down: यूजर्स हुए परेशान, ऑनलाइन मीटिंग करने में आ रही दिक्कत

किसके हाथ में होगा कंट्रोल

कंपनी ने आगे कहा कि नया फीचर कम सुनने वाले मीट यूजर्स को मीटिंग में भाग लेने में मदद करेगा। हालांकि, कैप्शन रिकॉर्ड करने का कंट्रोल केवल मीटिंग होस्ट करने वाले यूजर के पास होगा। मीटिंग में जुड़ने वाले यूजर इस फीचर को अपने आप एक्टिवेट नहीं कर सकेंगे। और पढें: Google I/0 2025: Google Gemini 2.5 Flash हुआ अपग्रेड, Meet और Gmail में आए नए फीचर

चुनिंदा यूजर्स के लिए उपलब्ध है नया फीचर

कैप्शन फीचर कुछ यूजर्स को मिलना शुरू हो गया है। हालांकि, अभी यह फीचर सभी यूजर्स के लिए रोलआउट नहीं हुआ है। कंपनी का कहना है कि 15 मार्च तक सभी के लिए कैप्शन फीचर को रोलआउट कर दिया जाएगा।

Credential Manager का नया वर्जन हुआ रिलीज

बता दें कि टेक ब्रांड गूगल ने कुछ दिन पहले Credential Manager का नया वर्जन पेश किया था। इस नए API की मदद से ऐप डेवलपर्स लॉग-इन प्रोसेस को सरल बना सकते हैं। कंपनी का मानना है कि इससे निजी डेटा लीक होने की संभावना भी बहुत कम हो जाएगी।

कंपनी ने बताया कि यह एपीआई अलग-अलग साइन-अप मेथड्स को सपोर्ट करता है। इसके अलावा, यह लॉग-इन इंटरफेस को भी आसान बनाता है, जिससे यूजर्स आसानी से किसी भी ऐप में साइन-अप कर सकते हैं।

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