Youtube ने बदला अपना एक और नियम, अब वीडियो की शुरुआत में अपशब्द बोलने पर भी मिल सकेगा पूरा एड रेवेन्यू

अब Youtube क्रिएटर्स को एक बड़ी राहत मिली है, अगर आपके वीडियो की शुरुआत में गलती से कोई गाली निकल जाए, तो अब भी आपको पूरा एड रेवेन्यू मिल सकता है। यूट्यूब ने अपने पुराने सख्त नियम में बदलाव किया है, जिससे खासकर गेमिंग क्रिएटर्स को फायदा होगा।

Published By: Ashutosh Ojha | Published: Jul 30, 2025, 06:28 PM (IST) | Edited: Jul 31, 2025, 04:19 PM (IST)

और पढें: बिना डाउनलोड किए Youtube पर खेले गेम, जानें कैसे

Youtube ने अपने एक सबसे कंट्रोवर्शियल एड नियम में बड़ा बदलाव किया है और ये खबर Youtube क्रिएटर्स के लिए काफी राहत भरी है। अब तक अगर किसी वीडियो की शुरुआत में, यानी पहले 7 सेकंड में कोई गाली का इस्तेमाल होता था, तो उस वीडियो को लिमिटेड या बिल्कुल भी एड रेवेन्यू नहीं मिलता था। लेकिन अब यूट्यूब ने ये नियम बदल दिया है। अब ऐसे वीडियो को भी पूरा एड रेवेन्यू मिलेगा। यह नियम यूट्यूब के दोनों फॉर्मेट रेगुलर वीडियो और यूट्यूब शॉर्ट्स पर लागू होगा। और पढें: अंग्रेजी YouTube Shorts को हिंदी में कैसे देखें? जानें यहां

गेमिंग क्रिएटर्स को सबसे बड़ा फायदा

इस बदलाव से सबसे ज्यादा फायदा गेमिंग कंटेंट बनाने वालों को मिलेगा। गेम खेलते समय अक्सर शुरू में ही कोई चौंकाने वाला या इमोशनल रिएक्शन आता है, जिसमें लोग गाली दे बैठते हैं। पहले ऐसे वीडियो को मॉनेटाइजेशन से नुकसान होता था, लेकिन अब उन्हें थोड़ी राहत मिली है। Youtube टीम ने बताया कि यह पॉलिसी पहले टीवी के गाइडलाइन्स से मेल खाने के लिए बनाई गई थी, लेकिन अब एडवर्टाइजर्स को अपने अनुसार तय करने की आजादी है कि वे किस तरह के कंटेंट पर विज्ञापन दिखाना चाहते हैं।

पूरे वीडियो में ज्यादा गाली देने पर अब भी रेवेन्यू लिमिटेड

हालांकि Youtube ने साफ किया है कि सिर्फ शुरुआत में थोड़ी छूट मिलने का मतलब ये नहीं है कि वीडियो में हर जगह गाली देना सही होगा। अगर कोई वीडियो बार-बार गालियों से भरा हुआ है जैसे किसी कैरेक्टर की सिर्फ गालियों वाली बेस्ट लाइन की क्लिप तो उसे अब भी पूरा एड रेवेन्यू नहीं मिलेगा। कंपनी ने कहा है कि हाई-फ्रिक्वेंसी प्रोफेनिटी को अब भी एड-फ्रेंडली नहीं माना जाएगा।

टाइटल और थंबनेल में गाली अभी भी बैन

Youtube ने यह भी साफ किया है कि वीडियो के टाइटल या थंबनेल में अगर कोई भी बड़ी गाली दी गई है, तो ऐसे वीडियो को अब भी कोई एड रेवेन्यू नहीं मिलेगा। मतलब यह कि थोड़ी छूट जरूर मिली है, लेकिन पूरी आजादी नहीं दी गई है। यह बदलाव Youtube की 2025 की नई स्ट्रैटेजी का हिस्सा है, जहां वह क्रिएटर्स को थोड़ा और स्पेस दे रहा है, ताकि वे ज्यादा फ्री होकर काम कर सकें, लेकिन साथ ही कम्युनिटी गाइडलाइन्स जैसे हेट स्पीच या एक्सट्रीम लैंग्वेज के मामले में सख्ती बरकरार है।

टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल की लेटेस्ट खबरों के लिए आप हमें व्हाट्सऐप चैनल, फेसबुक, यूट्यूब और X, पर फॉलो करें।