Jio ने CNAP फीचर किया लॉन्च, अब फोन पर दिखेगा कॉल करने वाले का नाम

Jio ने नया CNAP फीचर लॉन्च किया है, जो कॉल करने वाले का नाम फोन स्क्रीन पर दिखाता है। इससे आप अनजान नंबरों और स्कैम कॉल्स से बच सकते हैं और हर कॉल को भरोसेमंद तरीके से पहचान सकते हैं। आइए जानते हैं...

Published By: Ashutosh Ojha | Published: Dec 18, 2025, 10:01 AM (IST)

भारत में मोबाइल यूजर्स को अब अपने फोन पर कॉल करने वाले का नाम दिखेगा। रिलायंस Jio ने Caller Name Presentation (CNAP) नाम का नया फीचर लॉन्च किया है। यह फीचर आपको यह बताता है कि कौन कॉल कर रहा है, जिससे आप अनजान नंबरों को पहचान सकते हैं और स्कैम कॉल्स से बच सकते हैं। CNAP फीचर की मदद से फोन कॉल्स अब ज्यादा सुरक्षित और भरोसेमंद हो जाएंगी। और पढें: BSNL ने नया सस्ता ‘Spark Plan’ किया लॉन्च, मिलेगा फास्ट इंटरनेट, फ्री कॉलिंग और OTT का मजा

कौन-कौन सी कंपनियां CNAP सेवा उपलब्ध करा रही हैं?

टेलीकॉम रेगुलेटरी अथॉरिटी ऑफ इंडिया (TRAI) ने यह सुनिश्चित किया है कि Jio के अलावा Airtel, Vi और BSNL भी CNAP सेवा अपने ग्राहकों को उपलब्ध कराएं। इसका मतलब है कि अब इन कंपनियों के यूजर्स भी कॉल करने वाले का नाम देख पाएंगे। रिलायंस Jio ने इसे पश्चिम बंगाल, केरल, बिहार, उत्तर प्रदेश ईस्ट, राजस्थान, पंजाब, असम, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, झारखंड और ओडिशा में लाइव कर दिया है। Airtel ने पश्चिम बंगाल, गुजरात, मध्य प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में इसे शुरू किया है। Vi महाराष्ट्र में इसे लाइव कर चुका है और तमिलनाडु में आंशिक रूप से रोलआउट कर रहा है। BSNL फिलहाल पश्चिम बंगाल में परीक्षण के तौर पर CNAP सेवा चला रहा है। और पढें: Truecaller ने भारत में लॉन्च किया नया 'Family Protection' फीचर, परिवार को स्कैम कॉल से बचाने में करेगा मदद

CNAP और Truecaller में क्या अंतर है?

CNAP का मतलब है Caller Name Presentation, यह सेवा आपको फोन स्क्रीन पर कॉल करने वाले का नाम दिखाती है। इसे बाकी कॉलर Identity App जैसे Truecaller से अलग बनाया गया है। CNAP में कॉल करने वाले का नाम उसके टेलीकॉम प्रोवाइडर के रजिस्टर्ड डॉक्यूमेंट के आधार पर दिखाया जाता है, इसलिए यह ज्यादा भरोसेमंद और सही होता है। यूजर्स अब इस फीचर से फर्जी कॉल और स्कैम कॉल्स को आसानी से पहचान सकते हैं और सुरक्षित रह सकते हैं।

silent calls क्या हैं और उनसे कैसे बचें?

साथ ही डिपार्टमेंट ऑफ टेलीकॉम (DoT) ने लोगों को 'silent calls' के बारे में चेतावनी दी है। यह तब होता है जब आप कॉल उठाते हैं लेकिन दूसरी तरफ कोई आवाज नहीं होती। DoT के अनुसार, यह तकनीकी खराबी नहीं है बल्कि स्कैमर्स द्वारा आपका नंबर एक्टिव है या नहीं ये जांचने का तरीका है अगर आपका नंबर एक्टिव है, तो उसे बाद में फिशिंग या हैकिंग के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है। DoT ने यूजर्स से कहा है कि ऐसे नंबर तुरंत ब्लॉक करें और Sanchar Saathi पोर्टल के जरिए रिपोर्ट करें, ताकि दूसरों को भी सुरक्षित रखा जा सके।

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