Amazon ने Globalstar को खरीदने का किया ऐलान, सैटेलाइट नेटवर्क होगा और मजबूत

Amazon ने Globalstar को खरीदने का बड़ा फैसला लिया है, जिससे उनका सैटेलाइट प्रोजेक्ट Project Kuiper और बेहतर होगा। इस डील से खासकर दूर-दराज के इलाकों में इंटरनेट और नेटवर्क कनेक्टिविटी पहले से बेहतर और आसान हो सकेगी। आइए जानते हैं...

Published By: Ashutosh Ojha | Published: Apr 15, 2026, 04:10 PM (IST)

Amazon ने अपनी सैटेलाइट सेवाओं को बेहतर करने के लिए Globalstar को खरीदने का बड़ा फैसला लिया है। यह कदम खासतौर पर उन इलाकों के लिए अहम माना जा रहा है जहां मोबाइल नेटवर्क कमजोर या बिल्कुल नहीं पहुंचता। इस डील के जरिए Amazon अपने सैटेलाइट प्रोजेक्ट 'Project Kuiper' को और बेहतर बनाएगा। Globalstar के पास Low Earth Orbit (LEO) में काम करने वाले सैटेलाइट्स हैं, जिनका फायदा Amazon को सीधे मिलेगा। इससे कंपनी दुनियाभर में ज्यादा यूजर्स तक अपनी सेवाएं पहुंचा पाएगी और इंटरनेट कनेक्टिविटी को आसान बना सकेगी। और पढें: 2026 में Starlink सभी सैटेलाइट्स को निचली कक्षा में ले जाएगा, भारत लॉन्च से पहले बढ़ाई जा रही है अंतरिक्ष सुरक्षा

Amazon का बड़ा प्लान

Amazon का प्लान है कि वह Globalstar के मौजूदा सैटेलाइट्स, टेक्नोलॉजी और स्पेक्ट्रम का इस्तेमाल करके अपने नेटवर्क को तेजी से बढ़ाए। Globalstar के पास फिलहाल 25 सैटेलाइट्स का कंस्टीलेशन है, जिसे Amazon अपने Project Kuiper में शामिल करेगा। इससे कंपनी का सैटेलाइट नेटवर्क पहले से ज्यादा मजबूत और भरोसेमंद बन जाएगा। इस नेटवर्क के जरिए ज्यादा डिवाइसेस को जोड़ा जा सकेगा और इंटरनेट की पहुंच उन जगहों तक भी होगी जहां अभी तक कनेक्टिविटी एक बड़ी समस्या बनी हुई है। और पढें: भारत में लॉन्च की तैयारी में एलन मस्क की Starlink, भारत के इन 9 शहरों में बनेंगे गेटवे स्टेशन

इस डील का सबसे बड़ा फायदा

इस डील का सबसे बड़ा फायदा 'Direct-To-Device' टेक्नोलॉजी के रूप में देखने को मिलेगा। इसका मतलब है कि अब स्मार्टफोन और बाकी डिवाइस सीधे सैटेलाइट से कनेक्ट हो सकेंगे, बिना किसी मोबाइल टावर के। इससे दूर-दराज के इलाकों में रहने वाले लोग भी कॉल, मैसेज और इंटरनेट का इस्तेमाल कर सकेंगे। खास बात यह है कि यह टेक्नोलॉजी आपातकालीन स्थितियों जैसे प्राकृतिक आपदाओं में भी काफी मददगार साबित होगी, जब सामान्य नेटवर्क काम करना बंद कर देते हैं।

Amazon ने Apple के साथ की पार्टनरशिप

इसके अलावा Amazon ने Apple के साथ भी पार्टनरशिप की है, जिससे iPhone और Apple Watch जैसे डिवाइस में सैटेलाइट फीचर्स को सपोर्ट मिलता रहेगा। अभी के iPhone मॉडल्स में इमरजेंसी मैसेजिंग, लोकेशन शेयरिंग और रोडसाइड असिस्टेंस जैसे फीचर्स Globalstar के सैटेलाइट्स के जरिए काम करते हैं। इस डील के पूरा होने की उम्मीद 2027 तक है, जबकि नई सैटेलाइट सेवाएं 2028 से शुरू हो सकती हैं।

FAQ

Amazon ने Globalstar को क्यों खरीदा है?

Amazon ने Globalstar को अपने सैटेलाइट प्रोजेक्ट Project Kuiper को बेहतर करने के लिए खरीदा है, ताकि दूर-दराज के इलाकों में बेहतर इंटरनेट पहुंचाया जा सके।

इस डील से आम लोगों को क्या फायदा होगा?

इससे लोगों को बिना मोबाइल टावर के भी इंटरनेट, कॉल और मैसेज की सुविधा मिलेगी, खासकर उन जगहों पर जहां नेटवर्क नहीं होता।

Direct-To-Device टेक्नोलॉजी क्या है?

यह एक ऐसी टेक्नोलॉजी है जिसमें स्मार्टफोन और बाकी डिवाइस सीधे सैटेलाइट से कनेक्ट हो जाते हैं, बिना किसी टावर या Wi-Fi के।

Apple का इस डील में क्या रोल है?

Apple पहले से Globalstar के सैटेलाइट्स का इस्तेमाल iPhone और Apple Watch में इमरजेंसी फीचर्स के लिए कर रहा है और यह सपोर्ट आगे भी जारी रहेगा।

यह नई सैटेलाइट सर्विस कब तक शुरू होगी?

इस डील के 2027 तक पूरा होने की उम्मीद है और नई सैटेलाइट सेवाएं 2028 से शुरू हो सकती हैं।

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