PM-WANI को लेकर सरकार का बड़ा फैसला, अब QR Code स्कैन करते ही चलेगा Free Wi-Fi

भारत सरकार ने PM-WANI योजना में बड़े बदलाव किए हैं ताकि देश में पब्लिक Wi-Fi को और आसान और सस्ता बनाया जा सके। अब QR कोड स्कैन करके लोग जल्दी इंटरनेट से जुड़ सकेंगे। यह कदम डिजिटल इंडिया को मजबूत करने और सभी के लिए सस्ता इंटरनेट उपलब्ध कराने के लिए है। आइए जानते हैं...

Published By: Ashutosh Ojha | Published: May 26, 2026, 04:32 PM (IST)

भारत सरकार ने देशभर में पब्लिक Wi-Fi को और आसान और सस्ता बनाने के लिए PM-WANI (Prime Minister’s Wi-Fi Access Network Interface) के तहत कई बड़े बदलाव किए हैं। Department of Telecommunications यानी DoT ने 22 मई को नए दिशा-निर्देश जारी किए, जिनका मकसद आम लोगों को बिना परेशानी के इंटरनेट सुविधा उपलब्ध कराना है। सरकार का कहना है कि इन सुधारों से छात्र, यात्री, छोटे कारोबारी और रोजाना इंटरनेट इस्तेमाल करने वाले करोड़ों लोगों को फायदा मिलेगा। नई व्यवस्था के तहत अब लोग अपने लैपटॉप और दूसरे डिवाइस को भी आसानी से PM-WANI नेटवर्क से जोड़ सकेंगे। सरकार चाहती है कि डिजिटल इंडिया अभियान के तहत देश के हर हिस्से में सस्ता इंटरनेट पहुंचे। और पढें: BSNL का सस्ता ब्रॉडबैंड प्लान हुआ लॉन्च, सिर्फ 399 रुपए में मिलेगा फास्ट इंटरनेट और अनलिमिटेड कॉलिंग

अब QR Code से लैपटॉप और दूसरे डिवाइस कैसे होंगे कनेक्ट?

नए नियमों के अनुसार अब यूजर्स QR कोड स्कैन करके अपने लैपटॉप या दूसरे डिवाइस को PM-WANI हॉटस्पॉट से कनेक्ट कर पाएंगे। इसके लिए यूजर को अपने मोबाइल में पहले से ऑथेंटिकेटेड ऐप का इस्तेमाल करना होगा। इससे बार-बार लॉगिन करने की परेशानी कम होगी और इंटरनेट इस्तेमाल करना पहले से ज्यादा आसान बन जाएगा। Department of Telecommunications के मुताबिक यह फीचर सुरक्षित इंटरनेट एक्सेस देने के साथ-साथ यूजर अनुभव को भी बेहतर बनाएगा। खास बात यह है कि सरकार ने सभी PM-WANI से जुड़े ऑपरेटर्स और स्टेकहोल्डर्स को अगले आठ हफ्तों के भीतर इन बदलावों को लागू करने का निर्देश दिया है, ताकि जुलाई 2026 तक यह सुविधा पूरी तरह शुरू हो सके। और पढें: Sanchar Saathi ऐप फोन में अनिवार्य नहीं, कर सकते हैं डिलीट: सरकार ने किया साफ

सरकार और क्या-क्या बदलाव कर सकती है?

सरकार ने छोटे समय वाले इंटरनेट प्लान शुरू करने की भी सलाह दी है। अब यूजर्स को 15 मिनट, 30 मिनट और 60 मिनट जैसे शॉर्ट-ड्यूरेशन Wi-Fi प्लान मिल सकेंगे। ये प्लान खासतौर पर रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, एयरपोर्ट, मॉल और बाकी सार्वजनिक जगहों पर काम आएंगे, जहां लोगों को थोड़े समय के लिए इंटरनेट की जरूरत होती है। मंत्रालय का मानना है कि इससे इंटरनेट ज्यादा किफायती बनेगा और छात्रों व यात्रियों को काफी राहत मिलेगी। इसके अलावा हॉटस्पॉट ऑपरेटर्स की कमाई बढ़ने की भी उम्मीद है क्योंकि ज्यादा लोग छोटी अवधि वाले प्लान खरीद पाएंगे। सरकार का कहना है कि सार्वजनिक Wi-Fi अब केवल सुविधा नहीं बल्कि एक जरूरी डिजिटल सेवा बन चुका है। और पढें: Apple iPhone का नया ठिकाना बनेगा भारत, चीन को लगेगा तगड़ा झटका

क्या नए बदलावों से देशभर में डिजिटल कनेक्टिविटी और बेहतर होगी?

इन सुधारों के तहत एक और बड़ा बदलाव हॉटस्पॉट के नाम यानी SSID को लेकर किया गया है। अब सभी PM-WANI Wi-Fi नेटवर्क एक तय और समान नाम (फॉर्मेट) में दिखाई देंगे। इससे लोग आसानी से समझ पाएंगे कि कौन सा Wi-Fi असली और भरोसेमंद है। सरकार का कहना है कि इस बदलाव से फर्जी या गलत Wi-Fi नेटवर्क की पहचान करना आसान हो जाएगा और लोग सुरक्षित तरीके से इंटरनेट इस्तेमाल कर सकेंगे। Union Minister of State for Communications, Chandra Sekhar Pemmasani ने बताया कि PM-WANI देश में सभी लोगों के लिए पब्लिक Wi-Fi उपलब्ध कराने का एक बड़ा प्लेटफॉर्म बन रहा है और इसे और आसान बनाया जा रहा है, वहीं Union Minister of Communications Jyotiraditya Scindia के नेतृत्व में सरकार इस सिस्टम को मजबूत करने और पूरे देश में सस्ता और बेहतर इंटरनेट पहुंचाने पर काम कर रही है। सरकार को उम्मीद है कि इन नए कदमों से भारत में इंटरनेट इस्तेमाल और डिजिटल कनेक्टिविटी दोनों बढ़ेंगे।

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