OpenAI ने लॉन्च किया Age Prediction System, ChatGPT पर झूठी उम्र डालने वाले यूजर्स का लगेगा पता

OpenAI ने ChatGPT के लिए नया Age Prediction सिस्टम लॉन्च किया है। यह सिस्टम उन यूजर्स की असली उम्र पता करेगा जो अकाउंट बनाते समय गलत जन्मतिथि डालते हैं। इसका मकसद बच्चों और टीनएजर्स की सुरक्षा करना है और ChatGPT पर उनका एक्सपीरियंस सुरक्षित बनाना है। आइए जानते हैं...

Published By: Ashutosh Ojha | Published: Jan 21, 2026, 01:22 PM (IST)

OpenAI ने ChatGPT के लिए नया Age Prediction सिस्टम लॉन्च किया है। यह सिस्टम उन यूजर्स की असली उम्र पता करेगा जो अकाउंट बनाते समय गलत जन्मतिथि डाल देते हैं। कंपनी ने बताया कि नए अकाउंट के समय जन्मतिथि पूछी जाती है, लेकिन पहले इसकी जांच नहीं होती थी। इस नए AI सिस्टम का मकसद बच्चों और टीनएजर्स की सुरक्षा करना है। और पढें: ChatGPT में नया Lockdown Mode हुआ रिलीज, ऐसे Prompt Injection Attacks से करेगा बचाव

यह सिस्टम यूजर्स की उम्र कैसे पता करेगा

OpenAI ने ब्लॉग में बताया कि नया Age Prediction सिस्टम धीरे-धीरे दुनिया भर में लागू होगा। यूरोपीय संघ (EU) में इसे कुछ हफ्तों में लॉन्च किया जाएगा क्योंकि वहां अलग नियम हैं। यह सिस्टम यूजर की एक्टिविटी, चैट के टॉपिक्स और लॉगिन टाइम जैसी चीजों को देखकर उनकी असली उम्र का अंदाजा लगाता है। कंपनी ने कहा कि यह हमेशा 100% सही नहीं होता और कभी-कभी एडल्ट को भी 18 साल से कम उम्र का दिखा सकता है अगर कोई अकाउंट सही नहीं पाया जाता है तो उसके लिए सुरक्षा सेटिंग्स अपने आप चालू हो जाती हैं। और पढें: WhatsApp पर आजकल हो रहे हैं नए-नए स्कैम, बचना है तो तुरंत जान लें ये 5 फीचर्स

Teen Safety सेटिंग्स के तहत यूजर क्या कर सकते हैं और क्या नहीं

Teen Safety सेटिंग्स के साथ, यूजर ChatGPT पर सवाल पूछ सकते हैं, सीख सकते हैं और कंटेंट बना सकते हैं लेकिन कुछ चीजें उन्हें नहीं दिखेंगी, जैसे हिंसा, खतरनाक वायरल चैलेंज, सेक्सुअल या रोमांटिक रोलप्ले, अनहेल्दी डाइटिंग या बॉडी शेमिंग। OpenAI ने बताया कि अगर कोई एडल्ट गलती से नाबालिग दिखा दिया जाए तो वह Persona नाम के थर्ड-पार्टी प्लेटफॉर्म से अपनी असली उम्र दिखा सकता है। इसके लिए यूजर को अपनी लाइव सेल्फी और सरकारी ID अपलोड करनी होती है। Persona चेक करती है कि ID और सेल्फी मेल खाते हैं और उम्र सही है या नहीं। और पढें: ChatGPT हुआ डाउन, यूजर्स को आई सवाल पूछने, नया अकाउंट बनाने और लॉग-इन करने में दिक्कत

केवल नाम, जन्मतिथि और फोटो की जांच होगी

OpenAI ने कहा कि केवल नाम, जन्मतिथि और फोटो की ही जांच होती है और बाकी जानकारी छुपाई जा सकती है। जांच खत्म होने के सात दिन बाद ID और सेल्फी डिलीट कर दी जाती है। OpenAI को सिर्फ सिस्टम से मिले संकेत और डेटा तक ही पहुंच है और इसे सुरक्षित तरीके से रखा जाता है। इसे कंपनी की प्राइवेसी पॉलिसी के अनुसार ही इस्तेमाल किया जाता है। इसके अलावा यूजर अपनी मर्जी से अपनी उम्र Verified कर सकते हैं और Age Verification प्रक्रिया शुरू कर सकते हैं।

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