Written By Ashutosh Ojha
Published By: Ashutosh Ojha | Published: Oct 17, 2025, 02:53 PM (IST)
Spotify India price hike
Spotify अब AI के जरिए म्यूजिक इंडस्ट्री में नई दिशा देने जा रही है। कंपनी ने बताया है कि वह Sony, Universal, Warner और Merlin जैसी बड़ी म्यूजिक कंपनियों के साथ मिलकर AI से जुड़ी नई म्यूजिक टेक्नोलॉजी पर काम करेगी। इसका मकसद यह है कि म्यूजिशियन को उनका सही हक और पैसा मिल सके। Spotify ने कहा है कि वह कॉपीराइट खत्म करने के खिलाफ है, क्योंकि हर कलाकार की मेहनत और अधिकार की कीमत बहुत जरूरी है। हाल ही में AI से बने गानों पर बढ़ती बहस के बाद Spotify ने यह फैसला लिया है ताकि टेक्नोलॉजी और असली क्रिएटिविटी में संतुलन बना रहे। और पढें: Google ने YouTube Music में लॉन्च किया AI प्लेलिस्ट फीचर, अब मूड के हिसाब से बनाएं अपनी म्यूजिक लिस्ट
Spotify का यह नया कदम बहुत महत्वपूर्ण है क्योंकि AI अब म्यूजिक इंडस्ट्री को तेजी से बदल रहा है। कंपनी ने कहा है कि अगर संगीत की दुनिया ने खुद इस बदलाव को सही दिशा में नहीं संभाला तो ऐसे प्लेटफॉर्म्स उभरेंगे जहां न कलाकारों से अनुमति ली जाएगी, न उन्हें कोई पैसा मिलेगा। इसी वजह से Spotify अब AI रिसर्च और नए प्रोडक्ट्स में बड़ा निवेश कर रहा है। कंपनी का मकसद ऐसे AI टूल्स बनाना है जो कलाकारों की मंजूरी और कॉपीराइट का पूरा सम्मान करें। इससे यह तय होगा कि आने वाले समय में इंसानों की असली क्रिएटिविटी को टेक्नोलॉजी से कैसे बचाया जाए। और पढें: YouTube ने 2026 के लिए नए फीचर्स का किया ऐलान, AI के जरिए बिना रिकॉर्डिंग के बना सकेंगे वीडियो
Spotify की नई AI टीम ऐसे टूल्स बना रही है जिससे कलाकार खुद तय कर सकेंगे कि वे AI म्यूजिक में शामिल होना चाहते हैं या नहीं। साथ ही वे यह भी चुन पाएंगे कि उनका म्यूजिक कहां और कैसे इस्तेमाल हो। इससे कलाकारों को अपने काम पर पूरा कंट्रोल मिलेगा। कंपनी पहले से ही ‘AI DJ’ नाम का फीचर चला रही है, जो यूजर्स के मूड के हिसाब से प्लेलिस्ट बनाता है। इसके अलावा Spotify ने AI से बने गानों के लिए कड़े नियम बनाए हैं ताकि प्लेटफॉर्म पर डुप्लिकेट या धोखाधड़ी वाले गाने न आएं। और पढें: Spotify ने लॉन्च किया Prompted Playlist फीचर, यूजर्स को मिलेगा ये बड़ा फायदा
AI से बने एक बैंड के गानों के वायरल होने के बाद Spotify को आलोचना झेलनी पड़ी थी। इसके बाद कंपनी ने अपने AI नियमों में बदलाव किए। अब Spotify DDEX लेबलिंग सिस्टम इस्तेमाल कर रही है, जिससे यह पता चलेगा कि किसी गाने में AI का इस्तेमाल हुआ है या नहीं। इससे लिसनर्स को साफ जानकारी मिलेगी और कलाकारों के हक सुरक्षित रहेंगे। आने वाले समय में Spotify और उसके पार्टनर कंपनियां ऐसे टूल्स लाएंगे जिससे कलाकार ट्रैक कर सकेंगे कि उनका म्यूजिक AI में कहां और कैसे इस्तेमाल हो रहा है और उन्हें सही पैसा मिल सके। इंडस्ट्री के जानकार मानते हैं कि यह कदम म्यूजिक इंडस्ट्री में जिम्मेदार AI यूज का नया मानक बना सकता है।