Written By Ajay Verma
Published By: Ajay Verma | Published: Apr 18, 2023, 01:17 PM (IST)
भारत 5G सर्विस रोलआउट करने के मामले में दुनिया के सबसे तेज देशों में से एक है। देश के 600 जिलों में 200 दिन से भी कम समय में इस सेवा को जारी किया जा चुका है। आपको बता दें कि 5जी सर्विस को पिछले साल अक्टूबर में आयोजित हुए इंडियन मोबाइल कांग्रेस इवेंट में पीएम मोदी द्वारा लॉन्च किया गया था। और पढें: Vivo Y58 5G पर लिमिटेड टाइम ऑफर, सिर्फ 824 रुपये महीना देकर ले आएं घर
G20 डिजिटल इकोनॉमी वर्किंग ग्रुप (DEWG) की दूसरी बैठक में कंद्रीय मंत्री देवुसिंह चौहान ने कहा कि केंद्र सरकार की सार्वजनिक नीतियां ‘अंत्योदय’ की दृष्टि से प्रेरित करती हैं। ये देश के विकास में अहम योगदान देंगी। उन्होंने आगे यह भी कहा कि देश के 600 जिलों के लोगों तक 200 दिन के भीतर 5जी सेवा को पहुंचाया गया है। ऐसा करने वाले सबसे तेज देशों में से एक भारत है। और पढें: Vivo V70 और V70 Elite की भारत में लॉन्चिंग कंफर्म, दमदार फीचर्स के साथ लेंगे एंट्री
केंद्रीय मंत्री देवुसिंह चौहान ने यह भी कहा कि भारत में सबसे कम डेटा दर वाला दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा दूरसंचार नेटवर्क मौजूद है। हमारे देश ने कम समय में 4जी और 5जी स्वदेशी टेक्नोलॉजी को विकसित कर दुनिया को चौंका दिया है।
वहीं, सोशल जस्टिस और एंपावरमेंट कंद्रीय राज्य मंत्री ए नारायणस्वामी ने कहा कि सरकार ने विकलांग व्यक्तियों तक अपनी सेवाएं पहुंचाने के लिए Digital Antyodaya अभियान पर जोर दिया है। इससे लोगों को बहुत फायदा होगा।
DEWG की तीन दिन चलने वाली दूसरी बैठक में G20 सदस्यों, आमंत्रित देशों, अंतर्राष्ट्रीय संगठनों, MeitY और DoT (दूरसंचार विभाग) के वरिष्ठ अधिकारियों ने हिस्सा लिया। इस सत्र के दौरान 5जी के अलावा GDP, डिजिटल अर्थव्यवस्था और कनेक्टिविटी जैसे अहम मुद्दों पर चर्चा की जाएगी।
आपकी जानकारी के लिए याद दिला दें कि 5जी सर्विस को लॉन्च हुए अभी ज्यादा समय भी नहीं हुआ है। लेकिन, अब देश में 6G सर्विस पर काम शुरू हो गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मार्च में 6G विजन दस्तावेज और टेस्ट बेड को रिलीज किया था।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उस दौरान कहा कि इस तकनीक के आने से देश तेजी से विकास की तरफ बढ़ेगा और इससे डिजिटल इंडिया कैंपेन को मजबूती मिलेगी। इतना ही नहीं इसके आने से तकनीक भी तेजी विकसित होगी।
पीएम मोदी ने कहा कि वर्ष 2014 तक देश में स्मार्टफोन यूजर्स की संख्या 6 करोड़ थी, लेकिन अब यह आंकड़ा 80 करोड़ तक पहुंच गया है। साथ ही, पिछले 9 वर्षों में सरकारी और प्राइवेट टेलीकॉम कंपनियों ने देश में 25 लाख किलोमीटर ऑप्टिकल फाइबर का जाल भी बिछाया है।