Written By Ajay Verma
Published By: Ajay Verma | Published: Feb 10, 2023, 09:03 PM (IST)
भारत सरकार ने कुछ दिन पहले लोन देने वाले LazyPay और Kissht जैसे कई मोबाइल ऐप पर प्रतिबंध लगाया था। अब उन ऐप्स के लिए अच्छी खबर है। सरकार ने इन मोबाइल ऐप्स पर से प्रतिबंध हटाने का आदेश दिया है। साथ ही, केंद्र सरकार कई अन्य ऑनलाइन कर्ज देने वाले मोबाइल ऐप्स पर से भी बैन हटाने की तैयारी कर रही है। और पढें: e-PAN कार्ड के नाम पर आ रहा खतरनाक फर्जी ईमेल, सरकार ने जारी किया बड़ा अलर्ट, जानें क्या करें
ईटी की रिपोर्ट से मिली जानकारी के अनुसार, इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने इंटरनेट सेवा प्रदाताओं (ISP) और Google को लोन देने वाले ऐप व वेबसाइट्स को अनब्लॉक करने के लिए कहा है। इनमें लेजीपे, किश्त, बडीलोन्स, इंडियाबुल्स होम लोन, फेयरसेंट और एमपॉकेट शामिल हैं। और पढें: AI जनरेटेड फोटो और वीडियो पर लगेगी लगाम, आज से नए नियम लागू
रिपोर्ट में आगे बताया गया है कि इन कंपनियों ने अपने डॉक्यूमेंट्स सरकार के पास जमा करा दिए हैं, जिनसे सिद्ध हो गया है कि ये कंपनियां फर्जी नहीं हैं। और पढें: Budget 2026: क्या बजट आने के बाद स्मार्टफोन खरीदना हो जाएगा महंगा ? जानें एक्सपर्ट्स की राय
बैन हटाए जाने पर किश्त मोबाइल ऐप के फाउंडर रणवीर सिंह ने कहा कि किश्त को ब्लॉक करने के आदेश को रद्द करने के लिए हम भारत सरकार और MeitY के प्रति आभार व्यक्त करते हैं।
उन्होंने आगे ये भी कहा कि केंद्र सरकार ने हम पर विश्वास जताया है। हम देश में अधिक से अधिक वित्तीय समावेशन की दिशा में काम करना जारी रखेंगे।
मीडिया रिपोर्ट की मानें, तो केंद्र सरकार इस समय यह भी जांच रही है कि अगर इन लोन देने वाले ऐप का डेटा बेस भारत से बाहर है, तो क्या भारतीय यूजर्स के निजी डेटा को स्टोर किया जा रहा है या नहीं। इस संबंध में सरकार की तरफ से फिलहाल कोई जानकारी नहीं दी गई है।
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि इस हफ्ते की शुरुआत में भारत सरकार ने 138 ऑनलाइन बेटिंग ऐप और 94 डिजिटल लोन मोबाइल ऐप पर प्रतिबंध लगाने का आदेश दिया था, जिनपर चीन के साथ कथित संबंध होने का आरोप लगा था। सरकार ने यह सख्त कदम यूजर्स की शिकायतों को ध्यान में रखकर उठाया था।